नई दिल्ली। मणिपुर के सेनापति जिले में एक इलाके में तलाशी अभियान चलाए जाने के कुछ घंटों बाद भीड़ ने असम राइफल्स के कैंप पर हमला कर दिया। भीड़ ने कैंप पर पथराव, तोड़फोड़ और आगजनी की कोशिश की. भीड़ ने गाड़ियों में आग लगा दी और ट्रकों को पलट दिया। यह हिंसा मंगलवार रात 9.30 बजे पैरामिलिट्री फोर्स के जिला मुख्यालय वाले कैंप में हुई। खुफिया सूचना मिलने के बाद मकुइलोंगडी इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया गया था।
हमला NSCN (IM) कैडरों की खुफिया सूचना पर चलाए गए सर्च ऑपरेशन के बाद हुआ। सुरक्षा बलों को भीड़ को तितर-बितर करने के लिए हवाई फायरिंग और आंसू गैस के गोले दागने पड़े।
मणिपुर के सेनापति शहर में बेकाबू भीड़ ने मंगलवार की रात असम राइफल्स के कैंप पर पथराव, आगजनी और तोड़फोड़ कर दी। भीड़ ने गाड़ियों में आग लगा दी और ट्रकों को पलट दिया। कैंप के बाहर सुरक्षाकर्मियों की तीन गाड़ियों में आग लगा दी। इसके बाद सुरक्षा बलों द्वारा आंसू गैस के गोले दागने और आधी रात तक भीड़ को तितर-बितर करने के बाद स्थिति को काबू में किया गया।
ऑपरेशन के दौरान स्थानीय लोगों, जिनमें बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल थीं। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों को आगे बढ़ने से रोक दिया। असम राइफल्स ने बताया कि अभियान खुफिया सूचना के आधार पर चलाया गया था। मणिपुर पुलिस और सीआरपीएफ ने मौके पर पहुंचकर हालात को संभाला।
पथराव, तोड़फोड़ व आगजनी की कोशिश करते समय सुरक्षा बलों ने हालात को काबू में करने के लिए खाली गोलियां (ब्लैंक फायर) और आंसू गैस के गोले दागे। घटना में किसी नागरिक या सुरक्षा बल के जवान के घायल होने की सूचना नहीं है।
डिफेंस PRO ने बताया कि रात करीब 9 बजे खबर मिली कि सेनापति शहर में भारी भीड़ जमा हो रही है और असम राइफल्स कैंप की ओर बढ़ने की तैयारी कर रही है। सुरक्षा बलों, मणिपुर पुलिस और CRPF की संयुक्त कार्रवाई के बाद आधी रात तक स्थिति पर पूरी तरह काबू पा लिया गया।


