नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सिंधु जल संधि निलंबित किए जाने के मोदी सरकार के फैसले का जिक्र करते हुए एक बार फिर पाकिस्तान को दो टूक शब्दों में यह समझा दिया है कि आतंकवाद के खिलाफ भारत का स्टैंड क्लियर है।
राजनाथ सिंह बोले, हमने कहा था कि अगर भारत पर आतंकवादी हमला हुआ तो हम पाकिस्तान का दाना-पानी बंद कर देंगे। पहलगाम हमले के बाद सिंधु जल संधि को सस्पेंड करके हमने यह बता दिया कि जिनकी आंख का पानी मर गया हो, उन्हें हमसे पानी की उम्मीद नहीं रखनी चाहिए। आतंकवादियों के संरक्षकों और मानवता के दुश्मनों को हम अपनी सिंधु का पानी नहीं देंगे।
हैदराबाद में एनडीए के बौद्धिक सम्मेलन में बोलते हुए राजनाथ सिंह ने कहा, पिछले 12 सालों में संकट के समय में भारत दुनिया का सबसे विश्वनीय पार्टनर बन गया है। हमारे पड़ोस में जब भी कहीं पर कोई आपत्ति या आपदा आती है, भारत सबसे पहले मदद के लिए तैयार होता है। जो भी विपत्ति मैं हैं हम उनकी मदद करते हैं। दुनिया में जितनी भी जेनेरिक मेडिसिन की मांग है उनमें से 20 फीसदी भारत पूरी करता है।
कांग्रेस के शासनकाल में हुए रक्षा संबंधी घोटालों की बात करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि जो चंद रुपयों के लिए देश की सुरक्षा को दांव पर दे, उनको जनता से वोट मांगने का कोई हक नहीं है। 2014 से पहले देश ने बोफोर्स घोटाला, HDW पनडुब्बी घोटाला, टाट्रा ट्रक घोटाला, अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर घोटाला भी देखा है। देश में एनडीए सरकार बनने के बाद भारत का डिफेंस बजट 2.5 लाख करोड़ से बढ़कर आज लगभग 8 लाख करोड़ का हो गया है। आज भारत का एक-एक रुपया भारत की सुरक्षा को मजबूत करने पर लगाया जा रहा है, कोई एक पैसे का आरोप नहीं लगा सकता है।


